महिला प्रधान ने किया साक्षर

0
260

हमीरपुर – महिला पुरुषों से कहीं भी पीछे नहीं हैं, इस बात को साबित कर दिया राठ तहसील के अतरौलिया गांव की प्रधान पुष्पा देवी ने। जिन्हें राष्ट्रपति ने बीते साल पुरस्कार दिया था।

महिला प्रधान होने पर भी जिम्मेदारी का निर्वहन करने में पुष्पा कहीं पीछे नहीं रहीं। उन्होंने गांव की स्वच्छता पर पूरा ध्यान दिया और निर्मल ग्राम घोषित होने पर राष्ट्रपति ने उन्हें सम्मानित किया। गांव की पक्की चमचमाती सड़कें, हर गरीब असहाय के लिए 150 शौचालयों का निर्माण, पीने के पानी के लिए हैंडपंप लगवाये। गांव की स्वच्छता पर इन्होंने पूरा ध्यान दिया। प्राथमिक विद्यालय अतरौलिया, प्राथमिक विद्यालय अतरौलिया टीला, जूनियर हाईस्कूल अतरौलिया टीला समेत चार विद्यालयों में शौचालय, फोर स्लप हैंड लगवाया। इन विद्यालयों में किचन शेड बनवाया। गांव को साफ सुथरा रखने के लिए उन्होंने तीन बड़े-बड़े कूड़ादान और पूरे गांव को पक्की नालियों से आच्छादित कर लिया। जिससे गंदा पानी का भराव न हो। पीने के पानी के योग्य चार उन कुओं की मरम्मत करायी, जो ध्वस्त थे। औड़ेरा गांव को जाने वाली दो किमी लंबी सड़क का निर्माण कराया। 54 हैंडपंप गांव में लगवाये। बिजली का प्रबंध कराया। 150 शौचालय का निर्माण कराया। इस गांव की स्वच्छता पर निर्मल ग्राम घोषित किया गया। राष्ट्रपति ने इन्हें सम्मानित किया। घर में घूंघट में रहने वाली कम पढ़ी-लिखी महिला ने पहले तो बच्चों की शिक्षा पर ध्यान दिया, फिर गांव में शिक्षित करने के लिए खाली समय में घर-घर जाकर महिलाओं को शिक्षा के फायदे बताये। यही कारण है कि इस गांव का महिला साक्षरता प्रतिशत राठ तहसील में सबसे अधिक है। गांव की समस्याओं को गांव में ही निपटाने में प्रधान के पति बृजपाल सहयोग करते हैं। इसीलिए इस गांव के मामले थाना, अदालत तक नहीं जा पाते। मिडिल पास महिला प्रधान ने जहां परिवार नियोजन को अपनाया। उनके एक लड़का व एक लड़की है। दोनों ग्रेजुएट हैं। प्रधान के पति इंटर कालेज में प्रवक्ता हैं। जिन्होंने पत्‍‌नी को आगे बढ़ाने में सहयोग किया। आज प्रधान पुष्पा खुद ही प्रधानी के कामकाज निपटाती हैं।