पानी के लिए 700 करोड़ का बजट

0
195

सागर बुंदेलखंड में इस बार कम बारिश हुई है। ऐसे हालात महाकौशल एवं चंबल क्षेत्र के कई जिलों में हैं। अल्पवर्षा के चलते भविष्य में गहराने वाले जलसंकट से निपटने के लिए पीएचई 700 करोड़ रुपए खर्च करेगा। यह जानकारी लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी एवं सहकारिता मंत्री गौरीशंकर बिसेन ने शनिवार को सर्किट हाउस में पत्रकारवार्ता के दौरान दी। कम बारिश से कहां कैसे हालात बनेंगे।

इसका भौतिक सत्यापन करने के लिए दौरे पर निकला हूं। फिलहाल परिस्थतियां अनुकूल नहीं लग रही हैं। इसलिए अभी से पानी रोकने के लिए गंभीर होना पड़ेगा। श्री बिसेन ने बताया कि 700 करोड़ रुपए के बजट में 50 फीसदी अंशदान केंद्र सरकार का होगा। शेष राशि राज्य सरकार की रहेगी। हालांकि इस बार टैक्स कम मिलने से प्रदेश सरकार के खजाने की स्थिति ठीक नहीं है।

उन्होंने कहा कि भू-जल स्तर में निरंतर गिरावट के कारण विभाग की पुरानी ड्रिलिंग मशीनें अधिक प्रभावी नहीं हो पाती हैं। बुंदेलखंड सहित प्रदेश के कई क्षेत्रों में अधिक गहराई के नलकूपों की आवश्यकता बढ़ती जा रही है। इसके मद्देनजर विभाग पेयजल के इंतजाम के लिए 15 करोड़ रुपए की हाई पॉवर वाली 13 नई ड्रिल मशीनें खरीद रहा है। अब बिना सर्वे के हैंडपंप का खनन नहीं हो सकेगा।

NO COMMENTS