पत्रकार राजदेव रंजन हत्याकांड: शर्म करो नितीश सरकार…..

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बिहार के सिवान जिले के पत्रकार राजदेव रंजन की हत्या के बाद इंसाफ की राह तकते दरवाजे पर बैठे रंजन का परिवार आज उस पल का इंतजार कर रहा है जब उसके बेटे की हत्या के गुनहगारों को कड़ी सजा मिलेगी। वहीं दूसरी तरफ इस मैदान में उनके परिजनों के साथ न केवल स्थानीय पत्रकार बल्कि दिल्ली, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के पत्रकार भी खड़े हो गए हैं। इसी कड़ी में गुरुवार दोपहर दिल्ली से सिवान पहुचे पत्रकारों का एक प्रतिनिधिमंडल शुक्रवार सुबह सिवान पहुंचा और इसके बाद पीड़ित परिवार से मिला।
दरअसल, परिवार एकमात्र पालक की मौत के गम ने पिता को अंदर तक हिला दिया। पिता राधे चौधरी की पथरीली आंखे उनके गम को दर्शाती हैं। जब यह दल पीड़ित परिजन से मिला तो अपने बेटे के लिए एक पिता का दर्द शब्दों के सहारे बाहर आया।

नितीस की कैसी निति

ये कैसा ख़ौफ़ ये कैसी राजनीति कि मृतक पत्रकार के पिता ने गम से भरी जुवान से बताया कि अभी तक न तो मुख्यमंत्री और न उनका कोई प्रतिनिधि उनके परिवार का हाल जानने आया। स्थानीय विधायक ने भी उनके परिवार से दूरी बना रखी है। उन्होंने कहा कि उन्हें अभी धमकियां मिल रही हैं और वे बिहार छोड़ने की सोच रहे हैं।
हालांकि जिस तरह से सत्ता पक्ष ने पीड़ित परिवार से दूरी बना ली है यह कुछ विशेष इशारा करता है, जिसकी चर्चा भी आज सिवान की गलियों में खूब हो रही है।

प्रेस फाउन्डेशन ऑफ इंडिया के प्रजिडेंट उमेश कुमार ने इस दौरान पीड़ित परिजन को 51,000 रुपए तत्कालीन मदद राशि प्रदान की। साथ ही उन्होंने कहा कि वे जल्द ही देशभर के पत्रकारों के बीच एक मुहिम चलाकर पीड़ित परिवार को यथासंभव आर्थिक सहायता प्रदान करेंगे। उन्होंने मृतक पत्रकार के दोनों बच्चों की भी पढ़ाई की जिम्मेदारी लेने की भी बात कही।

इसके बाद प्रतिनिधिमंडल ने डीएम महेन्द्र कुमार से मुलाकात की और उन्हें एक ज्ञापन सौंपकर पीड़ित परिवार को 25 लाख रुपए की आर्थिक मदद दिए जाने की अपील की।

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इस दौरान स्थानीय पत्रकारो सहित लखनऊ के वरिष्ठ पत्रकार श्री तिवारी जी ने कहा कि नीतीश कुमार के पास लखनऊ और बनारस जाने का समय तो है लेकिन उन्हें अपने ही सूबे में मारे गए पत्रकार के पीड़ित परिजन से मिलकर सहानुभूति जताने की फुर्सत नहीं है। उन्होंने कहा कि यदि नीतीश सरकार में थोड़ी सी भी शर्म बाकी है तो वे 48 घंटे में पीड़ित परिजन को 25 लाख रुपए की मदद प्रदान करें।

प्रतिनिधिमंडल में ‘समाचार प्लस’ के यूपी हेड आलोक पांडे, पत्रकार आशुतोष, पत्रकार अमितेश कुमार श्रीवास्तव,”प्रसार भारती दूरदर्शन/आकाशवाणी” के विकास शर्मा, समाज सेवी वीजेन्द्र सिंह, आकाश, ‘जी न्यूज’ के पूर्व पत्रकार सुधीर शर्मा, ‘शंखनाद मीडिया नेटवर्क’ के शिवप्रसाद सती, ‘बुंदेलखंडलाइव’ के विनय दिवाकर, ‘समचार4मीडिया’ से अभिषेक मेहरोत्रा, पत्रिका ‘ऑफिसर्स चॉइस’ से लिटिल गुप्ता समेत कई अन्य पत्रकार शामिल रहे।

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