कुदरत  का  कहर  क़यामत  के  आने   की  दस्तक  है  पानी  ही  पानी. इस से भी ख़राब हालात होंगे २०१२ में   ये परिणाम है  कुदरत से खिलबाड़ का........ “Plant Trees to Save Environment” , *खाकी वर्दी वालो के कारनामे-जनता की जुवानी * सफेद कुर्ते वाले नेताओ के कारनामे-जनता की जुवानी "bundelkhandlive.com" पर, आप के पास है कोई जानकारी तो आप भी बन सकते है सिटी रिपोर्टर हमें मेल करे editor@upnewslive.com पर या 09415060119 फ़ोन करे , SPC मीडिया ग्रुप पेश करते है <UPNEWS>मोबाईल sms न्यूज़ एलर्ट के लिए अगर आप भी कहते है अपने और प्रदेश की खबरे अपने मोबाईल पर तो अपना <नाम-, पता-, अपना जॉब,- शहर का नाम, - टाइप कर 09415060119 पर sms, प्रदेश का पहला हिन्दी न्यूज़ पोर्टल जिसमे अपने प्रदेश की खबरें सरकार की योजनाएँ,प्रगति,मंत्रियो के काम की प्रगति www.upnewslive.com पर

बुंदेलखंड की किस्मत प्लेटिनम से चमकेगी

Posted on 08 July 2010 by admin

 आने वाले समय में बुंदेलखंड दुनिया की बेशकीमती धातु ‘प्लैटिनम’ के लिए भी जाना जाएगा। झाँसी मंडल  के ललितपुर जिले में प्लैटिनम के भंडार का पता चला है। यह खोज भविष्य में  बुंदेलखंड की किस्मत बदल सकती है।  झाँसी मंडल  के ललितपुर जिले से 85 किलोमीटर दूर इकोना गांव में इन धातुओं का पता चला है। उत्तर प्रदेश के खनन विभाग को  इकोना गांव में प्लैटिनम समूह की कीमती धातुओं- पैलेडियम, इरीडियम तथा ओसमियम को होने का पता चला  है। यहां से मिले प्लैटिनम की तासीर 10.4 ग्राम एक टन मिट्टी से प्राप्त होने वाले प्लैटिनम की मात्रा  है। जबकि इसकी गुणवत्ता औसतन 5.5 ग्राम प्रति टन है। देश में इस गुणवत्ता वाला प्लैटिनम अभी कहीं नहीं मिला है। खास बात यह है कि राज्य के खनन विभाग को बेशकीमती धातु का खजाना जमीन की सतह पर ही उपलब्ध हो गया। वैसे उड़ीसा में प्लैटिनम समूह की विभिन्न धातुओं का लगभग 15 टन का भंडार मौजूद है। इसमें से 54 फीसदी भंडार को निकालने का आकलन होना बाकी है। बेशकीमती प्लैटिनम का उपयोग जहां आभूषणों में होता है, वहीं पैलेडियम का उपयोग कीमोथैरेपी में किया जाता है। उत्तर प्रदेश के जियोलॉजी व माइनिंग विभाग  ने इस बात की पुष्टि करते हुए कहा कि बुंदेलखंड में प्लैटिनम समूह की विभिन्न धातुओं की खोज हुई है। राज्य सरकार को इकोना गांव में 1.5 किलोमीटर लंबे तथा 400-500 मीटर चौड़े दायरे में प्लैटिनम का भंडार मिला है। खनन विभाग को जमीन से 250 मीटर नीचे तक प्लैटिनम समूह की विभिन्न धातुओं का पता चला है। ललितपुर के अलाबा  बुंदेलखंड के छह अन्य जिले  हमीरपुर, बांदा, महोबा, झांसी, चित्रकूट तथा जालौन में भी उत्तर प्रदेश का खनन विभाग सोना, चांदी, निकेल, क्रोमियम, यूरेनियम, एसबेस्टस, चाइना क्ले आदि के भंडार का पता लगा रहा है।

प्लैटिनम का मेल्टिंग प्वाइंट काफी ऊंचा 1768.3 डिग्री सेल्सियस  होता है। लिहाजा इसे कंप्यूटर सहित महंगे इलेक्ट्रानिक उत्पाद बनाने में प्रयोग किया जाता है। किसी धातु का मेल्टिंग प्वाइंट वह तापमान है जिस पर वह गलना शुरू हो जाती है। प्लैटिनम के आभूषण भी बनते हैं। अपने देश में उपलब्धता कम होने की वजह से इसकी कीमत अधिक है। सोने से भी ज्यादा कीमती  प्लैटिनम एक बहुमूल्य धातु है। बाजार में इसकी कीमत सोने से भी अधिक आंकी जाती है। इस समय इसकी कीमत 23 हजार रुपये प्रति दस ग्राम से अधिक है। जबकि सोना इस समय 19 हजार रुपये प्रति दस ग्राम के आसपास है। देश में प्लैटिनम सर्वाधिक उड़ीसा और कर्नाटक में पाया जाता है। विश्व स्तर पर कनाडा एवं दक्षिण अफ्रीका इसके चल क्षेत्र समझे जाते हैं। 
 

Vikas Sharma
bundelkhandlive.com
E-mail :editor@bundelkhandlive.com
Ph-09415060119

Leave a Reply


www.internationalnewsandviews.com
Advertise Here

Advertise Here
-->


""काम की गारंटी है" हर गाव की गारंटी है"
                                         हर महिला पुरुष को दाम की गारंटी है""
महात्मा गाँधी राष्टीय गामीणरोजगार अधिनियम
 Type in