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केन्द्र की सरकार द्वारा उत्तर प्रदेश के साथ अपनाये जा रहे सौतेले व उपेक्षापूर्ण रवैये का पर्दाफाश करने व आसमान छूती महंगाई के खिलाफ बी.एस.पी. का पहले चरण के तहत राज्य-व्यापी जनहित आन्दोलन प्रारंभ

Posted on 22 May 2010 by admin

बहुजन समाज पार्टी की  राष्ट्रीय अध्यक्ष सुश्री मायावती जी के आह्वान पर, पार्टी के कार्यकर्ताओं ने केन्द्र में कांग्रेस पार्टी के नेतृत्व वाली यू.पी.ए. सरकार द्वारा उत्तर प्रदेश के साथ सौतेला व उपेक्षापूर्ण रवैया अपनाकर प्रदेश को पिछड़ाß बनाये रखने की साज़िश तथा उसकी ग़लत आर्थिक नीति के कारण आसमान छूती महंगाई के खिलाफ जन-संघर्ष जारी रखते हुये, आज से शुरू हुये राज्य-व्यापी जनहित आन्दोलन के पहले चरण के तहत प्रदेश के 55 ज़िलों के एक विधानसभा मुख्यालय पर ज़ोरदार धरना-प्रदर्शन कार्यक्रम आयोजित किया, जिसमें पार्टी के वरिष्ठ व ज़िम्मेदार पदाधिकारियों, सांसदों, मन्त्रियों व विधायकों आदि ने भी भाग लिया।

केन्द्र में कांग्रेस के नेतृत्व वाली सरकार के एक वर्ष पूरा होने के दिन आज से विधानसभा स्तर पर प्रारंभ किये गये इस जनहित आन्दोलन की सफलता को पूर्व की भान्ति स्वयं अपनी आंखों से देखने के बजाय, अपनी व्यस्तता के कारण सुश्री मायावती जी ने इस धरना-प्रदर्शन कार्यक्रम की सफलता का आंकलन करने के लिये पड़ोस के ज़िलों से पार्टी के दो-दो ज़िम्मेदार लोगों को हर ज़िले में यह निर्देशित करके नियुक्त किया कि वे लोग इस आन्दोलन की सफलता के सम्बंध में अपनी-अपनी रिपोर्ट पार्टी के प्रदेश मुख्यालय को आज ही भेजें।

सुश्री मायावती जी ने बताया कि आज के ज़ोरदार धरना-प्रदर्शन कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने आम जनता के समक्ष केन्द्र में कांग्रेस के नेतृत्व वाली सरकार की जन-विरोधी नीतियों, उत्तर प्रदेश की आम जनता के साथ सौतेला रवैया, प्रदेश को केन्द्रीय धन का आवंटन समय पर जारी नहीं करने, प्रदेश की घोर उपेक्षा करने के साथ-साथ केन्द्र सरकार की ग़लत आर्थिक नीतियों के कारण जानलेवा महंगाई की पोल खोली तथा कांग्रेस का हाथ आम आदमी के साथ नहीं, बल्कि कांग्रेस का हाथ पूंजीपतियों के साथ होने का पर्दाफाश किया।

इस अवसर पर कांग्रेस पार्टी की आम आदमी-विरोधी नीतियों का विस्तारपूर्वक उजागर करते हुये बी.एस.पी. के वक्ताओं ने कहाकि प्रदेश में ग़रीब और ग़रीबी के प्रति कांग्रेस सरकार कभी भी गम्भीर नहीं रही है, जिस कारण ही उत्तर प्रदेश में कांग्रेस पार्टी के लगभग 40 वर्षो के शासनकाल के दौरान इस प्रदेश से लोगों का सबसे ज्यादा संकट पलायनß हुआ और दुख की बात यह है कि कांग्रेस-शासित राज्यों में अपना घर-बार छोड़कर रोज़ी-रोटी के लिये गये उन लोगों पर होने वाले पक्षपात व अन्याय को रोकने के प्रति भी वहां की कांग्रेस पार्टी की सरकारें लगातार उदासीन बनी हुयी हैं। बी.एस.पी. के वक्ताओं ने इलज़ाम लगाया कि कांग्रेस पार्टी की आर्थिक नीतियां हमेशा ही बड़े-बड़े पूंजीपतियों व धन्नसेठों को हर क़ीमत पर लाभ पहुंचाने की रही है, जिस कारण ही वह इन पूंजीपतियों के हित में पेट्रोल व डीज़ल तथा रसोई गैस इत्यादि ज़रूरी वस्तुओं की क़ीमत लगातार बढ़ाती रहती है, जिससे महंगाई लगातार बढ़ी है और इसका ख़ामियाज़ा देश के आम आदमी को सीधे भुगतना पड़ा है।

कांग्रेस पार्टी के कुछ ज़िम्मेदार नेताओं द्वारा विकास के मामले में अपनाये जा रहे संकुचित द्रष्टिकोण की तीव्र आलोचना करते हुये, बी.एस.पी. वक्ताओं ने कहाकि ये नेतागण सीमित व संकुचित राजनीतिक द्रष्टिकोण अपनाकर समूचे उत्तर प्रदेश की बीस करोड़ जनता के हितों की अनदेखी कर रहे हैं। कांग्रेस पार्टी के इन ज़िम्मेदार नेताओं को यू.पी. में केवल दो ही संसदीय क्षेत्र अर्थात् रायबरेली व अमेठी के लोगो के ही दुख-तकलीफ व उनकी दयनीय स्थिति नज़र आती है जिसके लिये विदेश के कुछ लोगों को बुलाकर तथा स्थानीय लोगों की ग़रीबी व दयनीय स्थिति की नुमाइश करके विदेशी सहायता की मांग की जाती है।

लेकिन यही ज़िम्मेदार कांग्रेसी नेता जब प्रदेश के दूसरे ज़िलों में जाते हैं तो इनका दोहरा चरित्र लोगों को देखने को मिलता है। वे दूसरे ज़िलों के लोगों की दुख-तकलीफ व उनकी ग़रीबी को दूर करने के लिये विदेशी सहायता की फरियाद करना तो दूर की बात, वे केन्द्र में चल रही अपनी पार्टी की सरकार पर भी इस सिलसिले में किसी प्रकार का दबाव डालने से कतराते हैं। इस प्रकार जब कांग्रेस पार्टी के ज़िम्मेदार लोगों का उत्तर प्रदेश के प्रति पक्षपातपूर्ण रवैया व दोहरा चरित्र है तो ऐसी स्थिति में इनकी पार्टी के नेतृत्व वाली केन्द्रीय सरकार का उत्तर प्रदेश के लोगों के कल्याण व उत्थान के मामले में सौतेला व पक्षपातपूर्ण रवैया क्यों ना हो ?

बुन्देलखण्ड क्षेत्र को विशे आर्थिक सहायता नहीं जारी करने तथा उत्तर प्रदेश बसपा सरकार द्वारा प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों के विकास हेतु मांगे गये 80 हजार करोड़ रुपये के विशे आर्थिक पैकेज के प्रति नकारात्मक रवैया अपनाने के लिये केन्द्र की कांग्रेस सरकार की तीखी आलोचना करते हुये बी.एस.पी. वक्ताओं ने कहाकि केवल पिछले तीन वशोZं के दौरान केन्द्रीय अंश की लगभग 17,492 करोड़ रुपये की धनराशि समय पर उपलब्ध नहीं कराना यह साबित करता है कि केन्द्र का रवैया उत्तर प्रदेश के प्रति सौतेला व पक्षपातपूर्ण है, जिससे आबादी के हिसाब से देश के सबसे बड़े प्रदेश, उत्तर प्रदेश की आम जनता सीधे तौर पर प्रभावित हो रही है।

बी.एस.पी. वक्ताओं ने आरोप लगाया कि विकास के मामलों के साथ-साथ सामाजिक मामलों पर भी केन्द्र का रवैया उदासीन व नकारात्मक है जिस कारण प्रदेश के लोगों को समुचित न्याय नहीं मिल पा रहा है। इसी कारण उत्तर प्रदेश में अन्य पिछड़े वर्गों की 16 जातियों, जिसमें (1) कहार, कश्यप (2) केवट, मल्लाह, निशाद    (3) कुम्हार, प्रजापति (4) धीवर (5) बिन्द (6) भर, राजभर (7) धीमर (8) बाथम     (9) तुरहा (10) गौड़ (11) माझी (12) मछुआ (13) लोनिया (14) नोनिया          (15) लोनिया-चौहान (16) पाल/बघेल/धनगर आदि शामिल हैं, को अनुसूचित जाति /जनजाति कोटे में शामिल होने का लाभ नहीं मिल पा रहा है जबकि अनुसूचित जाति /जनजाति कोटे में वृद्धि करके इनको भी उसमें शामिल करने की मांग बसपा सरकार लगातार करती रही है।

इसी प्रकार, पश्चिम उत्तर प्रदेश में विशे रूप से आगरा एवं मेरठ की जनता द्वारा वहां माननीय उच्च न्यायालय की एक खण्डपीठ की स्थापना की मांग पर केन्द्र सरकार कोई ध्यान नहीं दे रही है। इसके साथ ही उत्तर प्रदेश में बुन्देलखण्ड, पूर्वांचल एवं पश्चिमी उत्तर प्रदेश के रूप में अलग राज्य बनाकर, प्रदेश विभाजन के लिये भी केन्द्र सरकार को अनेकों बार चिट्ठी लिखी गई है जिस पर आज तक भी कोई जवाब नहीं आया है। इस प्रकार, प्रदेश की आम जनता से जुड़े ज्यादातर मामलों में कांग्रेस पार्टी के नेतृत्व वाली केन्द्र की यू.पी.ए. सरकार का सहयोग ना करने का रवैया लगातार देखने में आ रहा है।

विभिन्न ज़िलों से पार्टी अधिकृत लोगों द्वारा प्रदेश पार्टी कार्यालय को आज के इस धरना-प्रदर्शन कार्यक्रम की जो रिपोर्ट मिली है वह काफी उत्साहवर्धक है अर्थात् सभी जगह राज्य-व्यापी जनहित आन्दोलन कार्यक्रम काफी कामयाब रहा है, जिसके लिये बी.एस.पी. की राश्ट्रीय अध्यक्ष सुश्री मायावती जी ने पार्टी के सभी छोटे-बड़े कार्यकर्ताओं, पदाधिकारियों एवं हर स्तर के जनप्रतिनिधियों का  हार्दिक आभार प्रकट किया है। साथ ही यह उम्मीद ज़ाहिर की है कि अगले बुधवार को छोड़कर प्रत्येक बुधवार को ज़ोन के एक विधानसभा मुख्यालय पर होने वाले इस जनहित आन्दोलन को इसी प्रकार कामयाब बनाने में पार्टी के हर स्तर के लोग जी-जान से लगातार जुटे रहेंगे।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
मो0 9415508695
upnewslive.com

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