Posted on 05 May 2010 by admin
महोबा- लंबे समय से मुंसिफ कोर्ट की मांग कर रहे लोगों के लिये अच्छी खबर है। जनपद न्यायाधीश ने नव निर्मित बार भवन सहित मुंसिफ कोर्ट भवन का निरीक्षण किया। सबकुछ ठीक पाये जाने पर शासन को रिपोर्ट भेज शीघ्र कोर्ट प्रारंभ करवाने का आश्वासन दिया है।
मंगलवार को जनपद न्यायाधीश देवेंद्र कुमार सक्सेना ने अपर जिला न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट प्रशांत चक्रवर्ती के साथ नव निर्मित बार भवन का निरीक्षण किया। जनपद न्यायाधीश ने अधिवक्ताओं से शीघ्र ही कोर्ट प्रारंभ होने का आश्वासन दिया। इस मौके पर बार एसोसियेशन के अध्यक्ष हरेंद्र राजपूत, पूर्व अध्यक्ष देवी प्रसाद, श्याम किशोर एडवोकेट, बालकृष्ण रावत, लक्ष्मण सिंह यादव आदि अधिवक्ता मौजूद रहे।
Posted on 10 February 2010 by admin
चरखारी - जिला विधिक सेवा ने ग्राम सुदामापुरी में शिविर आयोजित कर महिलाओं को विधिक जानकारी दी। शिविर की अध्यक्षता कर रहे अपर जिला जज प्रथम प्रशांत कुमार चक्रवर्ती ने कहा कि कानूनी जानकारी प्राप्त करना हर व्यक्ति का मौलिक अधिकार है। इसलिए गांव-गांव शिविर लगाकर लोगों को कानूनी जानकारियां दी जा रही हैं।
चक्रवर्ती ने कहा कि भारतीय संविधान के नियमों के विपरीत कार्य करना कानूनी अपराध है। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सचिव आलोक पाण्डेय ने दीवानी एवं फौजदारी से संबंधित मुकदमों के निस्तारण की जानकारी दी। सिविल जज सीनियर डिवीजन मनीषा ने महिलाओं को मिलने वाले कानूनी अधिकारों की जानकारियां दी। कहा कि अब बेटियों को बोझ न समझें। सिविल जज जूनियर डिवीजन चरखारी शिवकुमार ने कहा कि पुलिस अगर किसी अपराध की रिपोर्ट दर्ज न करें तो सीधे प्रार्थना पत्र न्यायालय में देकर रिपोर्ट दर्ज कर सकते है। तहसीलदार एवं सचिव तहसील विधिक सेवा समिति ने राजस्व से संबंधित वरासत, किसान दुर्घटना बीमा, राष्ट्रीय पारिवारिक लाभ योजना की जानकारी दी।
Posted on 30 January 2010 by admin
महोबा - महोबा पेयजल पुर्नगठन योजना के तहत अब मार्च माह के अन्तिम हफ्ते से पानी मिलेगा। जल निगम ने इसकी तैयारियां युद्धस्तर पर शुरू कर दी हैं। उर्मिल बांध से महोबा तक बिछाई गई पाइप लाइन की टेस्टिंग का कार्य अन्तिम चरण पर है।
शहर में मदन सागर सरोवर से पेयजल आपूर्ति की जाती है। गर्मियों में सरोवर सूखने से तीन सालों से पेयजल को लेकर हाहाकार मचता है। इस समस्या से निपटने के लिए उर्मिल बांध से पानी लेकर शहर में सप्लाई के लिए 32 करोड़ की लागत से महोबा पेयजल पुनर्गठन योजना की तीन साल पहले शुरू की गई थी। इस योजना के तहत पूरे शहर में पाइप लाइनों का जाल बिछाया गया है। उर्मिल बांध से श्रीनगर तक पाइप लाइन बिछाकर पानी लाया जा रहा है। कार्यदायी संस्था जल निगम ने श्रीनगर में बने फिल्टर प्लांट तक पानी लाने के बाद श्रीनगर से कलेक्ट्रेट जोन के तहत बनाई गई 2050 किलोलीटर सी.डब्लू.आर में पाइप लाइन से पानी लाने की टेस्टिंग शुरू कर दी है।
जल निगम के अधिशाषी अभियन्ता राजेश कुमार ने जानकारी दी कि पाइप लाइन से कलेक्ट्रेट जोन के सी.डब्लू.आर को जोड़ा जा रहा है। मार्च के अन्तिम सप्ताह तक कलेक्ट्रेट जोन में पानी पहुंचाया जाएगा। इसके बाद कलेक्ट्रेट जोन से कीरत सागर में बने ओवरहेड टैंक एवं मदन सागर सरोवर में बने सी.डब्लू.आर को जोड़कर पानी भरा जाएगा। तीनों टंकियों से महोबा शहर की 60 फीसदी आबादी को पानी उपलब्ध कराया जाएगा। अप्रैल माह में बलखण्डेश्वर पहाड़ी पर स्थित सी.डब्लू.आर को लिंक कर आपूर्ति चालू करने का खाका तैयार किया गया है। डीएम के निर्देश पर ठेकेदारों के शीघ्र कार्य पूरा करने के लिए जोर दिया गया हैं। टंकियों के भरते ही शहर में बिछाई गई पाइप लाइन की टेस्टिंग कराकर आपूर्ति चालू करा दी जाएगी।
Posted on 29 January 2010 by admin
महोबा- कबरई विकासखंड के सिरसी ग्राम पंचायत के प्रधान पद पर फिर से उपेंद्र शुक्ला का कब्जा हो गया। जनपद न्यायाधीश ने कुलपहाड़ एस.डी.एम के आदेश को स्थगित कर दिया। इस पर डी.पी.आर.ओ ने बी.डी.ओ को पुन: उपेंद्र शुक्ला को कार्यभार देने का निर्देश दिया है।
जानकारी के अनुसार सिरसी ग्राम पंचायत के चुनाव में दूसरे नंबर पर रहे युवराज सिंह ने निर्वाचित प्रधान उपेंद्र शुक्ला के विरुद्ध आयु के गलत प्रमाण पत्र प्रस्तुत करने का आधार ले निर्वाचन निरस्त करने को याचिका दायर की थी। नामांकन के दिन 19 वर्ष से कम आयु पाये जाने पर एस.डी.एम कुलपहाड़ विंध्यवासिनी राय ने 20 जनवरी को इनका निर्वाचन निरस्त कर युवराज सिंह को प्रधान के रूप में शपथ दिलाने का निर्देश दिया था। इस पर 23 जनवरी को उपेंद्र शुक्ला को पद से हटा युवराज को शपथ दिलायी गयी। इधर उपेंद्र द्वारा एसडीएम के आदेश के विरुद्ध जनपद न्यायाधीश के यहां दायर याचिका में जिला जज अनिल कुमार ने अपने 25 जनवरी के आदेश में एस.डी.एम द्वारा दिया गया आदेश निरस्त कर दिया। जिला न्यायाधीश द्वारा दिए गये आदेश की प्रति मिलने पर डीपीआरओ के.के मिश्रा ने खंड विकास अधिकारी कबरई को पुन: उपेंद्र शुक्ला को पदभार ग्रहण कराने का निर्देश दिया है।
Posted on 22 January 2010 by admin
महोबा- कुलपहाड़ नगर में प्रस्तावित मुंसिफ न्यायालय की स्थापना को आखिरकार हरी झंडी मिल गई है। नये न्यायालय भवन के निर्माण के लिये अपर विशेष न्यायाधीश (दस्यु) ने गुरुवार को प्रस्तावित न्यायालय स्थल का मौका मुआयना कर अभियंताओं को अविलंब प्राक्कलन बनाकर भिजवाने के आदेश दिये है।
अपर विशेष न्यायाधीश (दस्यु कोर्ट) प्रशांत कुमार चक्रवर्ती ने नगर पंचायत द्वारा न्यायालय भवन के लिये आरक्षित स्थल का मौके पर अवलोकन किया। मुंसिफ न्यायालय के लिये नौगांव रोड पर ढाई एकड़ भूमि सुरक्षित है। चक्रवर्ती ने मौका मुआयना करने के बाद साथ आये अभियंता से प्रस्तावित भवन का प्रोजेक्ट बनाकर भेजने के आदेश दिये है।
इस अवसर पर तहसीलदार अजय उपाध्याय, क्षेत्राधिकारी केएल चौधरी, बार एसोसियेशन के अध्यक्ष हरेंद्र पाल सिंह, बालकिशुन रावत, लेखपाल हीरालाल, सहायक चकबंदी अधिकारी व कानूनगो मौके पर मौजूद रहे।
Posted on 07 January 2010 by admin
जिले के ज्यादातर बालिका माध्यमिक विद्यालयों में अध्यापक ही नहीं। बावजूद उसके आधी आबादी के उन्नयन का अभियान जारी है। तमाम महिलाएं घर की चार दिवारी लांघ समाज में अपनी हैसियत साबित कर रही है। पुलिस अधीक्षक द्वारा गठित महिला सेल और गुलाबी गैंग भी इसमें कारगर सहयोग कर रही है। एसपी मंजिल सैनी खुद अपने आप में एक मिशाल है। बदलाव का परिणाम है कि तमाम महिलाएं नौकरी के अलावा व्यापार कर रही है,महिलाएं सामाजिक संस्थायें भी संचालित कर रही है।
सशक्तिकरण का पहला अध्याय शिक्षा को माना जाये तो यह यहां पूरी तरह पंगु है। जिले के आधा दर्जन बालिका माध्यमिक विद्यालयों में मानक के अनुसार अध्यापक न होने से शिक्षा पूरी तरह चौपट है। इस क्षेत्र में पनवाड़ी और जैतपुर के बालिका इंटर कालेज महज एक अध्यापक के सहारे संचालित हो रहे है। जिला विद्यालय निरीक्षक ने इस कमी को दूर करने के लिए शासन को दर्जनों पत्र लिखे। इसके बावजूद एक भी नियुक्ति नहीं हो सकी। इस अव्यवस्था के बाद भी नारी सशक्तिकरण का अभियान दिनों दिन प्रगति में है। जिले में एक सैकड़ा से ज्यादा महिलाएं स्वयं की समाज सेवी संस्थाएं अथवा व्यापार चला रही है। इस पिछड़े जिले में भी बाइक चलाने वाली बालिकाओं की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। पुलिस अधीक्षक मंजिल सैनी की निर्भीक कार्य शैली हजारों महिलाओं के समाने सशक्तिकरण की बेहतर मिशाल है। पुलिस अधीक्षक मंजिल सैनी के द्वारा गठित महिला सेल नारी उत्पीड़न के मामलों में कारगर हथियार साबित हुआ है। बीते दो माह में एक सैकड़ा से ज्यादा मामलों का निस्तारण कर इस सेल ने कीर्तिमान स्थापित किया है। गुलाबी गैंग भी महिलाओं को समाज में सम्मान का स्थान दिलाने को सक्रिय है। गैंग की जिलाध्यक्ष सुमन सिंह ने अपनी लाबी के बल पर आधा दर्जन विजातीय प्रेमी युगलों की शादी करा समाज को नारी सशक्तिकरण का बेहतर संदेश दिया है। सरकारी तौर पर किशोरी शक्ति योजना व जननी सुरक्षा के जरिये महिलाओं के प्रति सामाजिक सोच में बदलाव लाने का क्रम निरन्तर जारी है। इससे यह उम्मीद की जाती है कि आधी आबादी के उन्नयन का यह अभियान 2010 में और कारगर होकर अपनी पहचान बनायेगा।
Posted on 05 January 2010 by admin
हाड़ कंपा देने वाली सर्दी के तीखे होते तेवरों को देखकर जिला प्रशासन भी हरकत में आ गया है। सर्दी में गर्मी का एहसास कराने के लिए निर्धन व गरीबों को एक हजार कंबल वितरित किए जायेंगे। तहसील के सभी बड़े गांवों में अलाव जलाने के लिए लेखपालों को धन आवंटित कर दिया गया है।
उपजिलाधिकारी विंध्यवासिनी राय ने बताया कि गरीबों व असहाय लोगों को ठंड से बचाने के लिए एक हजार कंबलों का वितरण कराया जाएगा। कंबलों का वितरण कैंप लगाकर किया जायेगा। राय ने बताया कि लेखपालों को निर्देश दिए गये है कि 10 जनवरी के पूर्व हर हालत में कंबलों का वितरण कर दिया जाए। कंबल वितरण में पात्र व्यक्ति को प्राथमिकता दी जाए। उनके अनुसार सार्वजनिक स्थलों पर अलाव जलाने के लिए सरकार से 50 हजार की धनराशि मुहैया करायी गयी है। जिसमें से 20 हजार रुपये रिलीज भी कर दिया गया है। कुलपहाड़ नगर में गोंदी चौराहा, बस स्टैण्ड, मुख्य बाजार के अलावा जैतपुर, पनवाड़ी, महोबकंठ, अजनर में भी अलाव जलाने के आदेश दिये गये है। कुलपहाड़, पनवाड़ी व जैतपुर के सरकारी चिकित्सालयों में लगने वाले नसबंदी शिविरों के दिन भी तीमारदारों के वास्ते अलाव जलाने के निर्देश दिये गये है।
Posted on 02 January 2010 by admin
नये साल की शुरूआत में प्रशासनिक अधिकारियों ने जिले में जारी विकास कार्यो को नया अंदाज देने का संकल्प लिया है। पुलिस अधीक्षक मित्र पुलिस की परिकल्पना साकार करने को प्रयत्नशील है तो जिलाधिकारी मुख्यालय को गेट वे आफ खजुराहो के रूप में विकसित कर यहां के पर्यटन विकास की संभावना को सजीव करने का खाका तैयार कर रहे है।
नये साल का हर किसी ने अपने-अपने अंदाज से स्वागत किया। गुरुवार की देर रात विजय सागर पक्षी विहार में जुटे प्रशासनिक अधिकारियों ने 2009 को अलविदा कहने के साथ ही तीन बजे सुबह तक जश्न मना नये साल का स्वागत किया। इस बीच जिलाधिकारी सहित सभी ने नये साल के लिए अपने-अपने विभाग के कार्यो को नया आयाम देने का संकल्प लिया। डीएम वीवी पंत ने मुख्यालय को गेट वे आफ खजुराहो के रूप में विकसित करने का खाका तैयार कर इसे इस साल साकार करने का संकल्प लिया है। उनका विश्वास है कि पर्यटन विकास के लिए अहम यह उपलब्धि हासिल करने से अन्य मामलों में स्वत: ही विकास को गति मिल जायेगी। पुलिस अधीक्षक मंजिल सैनी आम आदमी तक पुलिस की पहुंच सुनिश्चित कर मित्र पुलिस का सपना साकार करने को संकल्पित है कहती है आरक्षियों को बीट बुक उपलब्ध करा उन्हे दिनभर की गति विधियां दर्ज करने की हिदायत दी जायेगी। हर हफ्ते इनका निरीक्षण होगा। जिससे जनता के बीच पुलिस की पहुंच का आकलन लगाना आसान हो जायेगा। अपराधों में नियंत्रण के साथ ही लोगों में पुलिस के प्रति विश्वास की भावना पैदा कर यह साबित किया जायेगा कि पुलिस में व्यापक बदलाव आ चुका है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा जय सिंह गांव के आखरी व्यक्ति तक स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ पहुंचाने को संकल्पित है। कहते हैं राष्ट्रीय ग्रामीण स्वस्थ मिशन का लाभ हर जरूरत मद को मिले इसके लिए मौजूदा व्यवस्थाओं का पुनर्मूल्यांकन किया जायेगा। स्मार्ट कार्ड योजना के जरिये गरीबों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने के लिए मानीटरिंग और तेज की जायेगी। मुख्य विकास अधिकारी रविकुमार बौद्व के मुताबिक नये साल में मनरेगा का सफल संचालन कर पलायन रोकने की कारगर कोशिश की जायेगी।
Posted on 01 January 2010 by admin
बेजोड़ नक्काशी और स्थापत्य कला के बेमिसाल नमूने को देख देशी विदेशी पर्यटक भी दांतों तले अंगुली दबा लेते थे। यही कारण था कि एक हजार साल से चंदेली इतिहास के गवाह इस खखरामठ को पुरातत्व विभाग ने एतिहासिक धरोहरों में शामिल कर इसे संरक्षित इमारत घोषित किया। स्थलीय उपेक्षा और कागजी संरक्षण से चंदेली इतिहास का यह अद्वितीय अध्याय अस्तित्व बचाने को कराह रहा है।
सन 1129 में चंदेल शासक मदन वर्मन ने मदन सागर का निर्माण कराया। सरोवर के बीचों बीच खखरामठ नाम से एक बैठक भी बनायी गयी। राजा यहां जल क्रीड़ा अथवा मंत्रियों से विशेष मंत्रणा के लिए बैठा करते थे। ग्रेनाइट शिला खंडों से तराशा गया यह मठ खजुराहो के मंदिरों की तर्ज पर बनाया गया था। बेमिसाल नक्काशी और स्थापत्य कला के संगम से यह इमारत दर्शनीय थी। एक हजार साल तक सीना ताने खड़ा रहा यह मठ चंदेली हुक्मरानो के कला कौशल का जीवन्त नमूना रहा है। पूरी इमारत में शिला खंडों की नक्काशी के जरिये एक दूसरे से इस तरह फंसाया गया कि कही कोई जोड़ नहीं दिखता। कारीगरों की अनोखी कला प्रतिभा के कारण आजाद भारत में इसे पुरातात्विक धरोहर माना गया। इसे संरक्षित इमारतों में शामिल करने के बाद भी विभाग ने कोई ध्यान नहीं दिया। कागजी संरक्षण का परिणाम है कि देशी विदेशी पर्यटकों को आश्चर्यचकित कर देने वाली इस इमारत का आधे से ज्यादा हिस्सा ढह गया है। विज्ञान और तकनीक ने चाहे जितना विकास कर लिया हो फिर भी आज के कारीगर मौके पर पड़े शिलाखंडों को सहेज कर उचित स्थान में लगाने में नाकाम है। बीते पांच वर्षो में लगभग पांच लाख रुपये व्यय करने के बाद भी ढह चुका एक भी पत्थर सही जगह में नहीं लगाया जा सका। इसके क्षरण का क्रम भी लगातार जारी है। इस तरह एक हजार साल तक चंदेली इतिहास का गवाह और महोबा की पहचान से जुड़ा रहा यह मठ अब अपना अस्तित्व बचाने को कराह रहा है।
Posted on 25 December 2009 by admin
मोहर्रम की सातवीं तारीख यानी 25 दिसंबर की रात हजरत इमाम हुसैन की एतिहासिक सवारी निकाली जाएगी। घोड़ा जुलूस नाम से समूचे बुंदेलखंड में विख्यात यह जलसा मोहर्रम का सबसे अहम मुकाम है। इस मौके पर चरखारी में लाखों की भीड़ जुटती है।
आम तौर पर मोहर्रम के मातमी त्यौहार को ताजिया के रूप में जाना जाता है। इससे इतर चरखारी में सिया समुदाय का हजरत इमाम हुसैन की सवारी घोड़ा निकालने का जलसा सदियों से इस पर्व का सबसे अहम मुकाम बना हुआ है। 25 दिसंबर को इस जलसे को उप्र मप्र के कई जिलों की लाखों की भीड़ जुटनी है। हजारों लोग घोड़े को जलेबी खिला मन्नतें मांगते है। देर शाम वीपार्क से शुरू हुआ यह जुलूस झण्डा बाजार, ड्योढ़ी दरवाजा होते हुए सुबह तक रावबाग पहुंचकर समाप्त होता है। इसमें अखाड़ा, वजरोटी नातियां बैंड आदि प्रमुख आकर्षण होते है। इसमें जुटने वाली भारी भीड़ के मद्देनजर जिला प्रशासन ने विभिन्न थानों की पुलिस लगा सुरक्षा व्यवस्था चौकस करने की कवायद शुरू कर दी है।